Curated By:
shivup |
Hindi Now Uttar Pradesh • 11 Apr 2026, 01:47 pm
मथुरा के वृंदावन में हुए दर्दनाक नाव हादसे में शनिवार को एक और शव मिलने के बाद मृतकों की संख्या बढ़कर 11 हो गई है। यह शव देवराहा बाबा आश्रम के पास यमुना नदी से बरामद हुआ। हादसे के बाद से लगातार दूसरे दिन भी रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। अब तक 22 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा चुका है, जबकि 4 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। मौके पर आर्मी समेत करीब 250 लोगों की टीम राहत और बचाव कार्य में जुटी हुई है। लापता लोगों की तलाश करीब 14 किलोमीटर के दायरे में की जा रही है। इस घटना ने पूरे इलाके में शोक और चिंता का माहौल पैदा कर दिया है।
तेज बहाव और गाद बनी तलाश में बड़ी चुनौती
रेस्क्यू टीम के अधिकारियों के अनुसार यमुना नदी का बहाव तेज होने के कारण लापता लोग दूर तक बह सकते हैं। इसके अलावा नदी के भीतर मौजूद गाद और रेत भी बड़ी चुनौती बन रही है, जिसमें शव दब जाने की आशंका है। अधिकारियों का कहना है कि कई बार 24 घंटे बाद शव ऊपर आ जाते हैं, इसलिए तलाश लगातार जारी है। गोताखोरों और विशेषज्ञ टीमों को अलग-अलग हिस्सों में लगाया गया है, ताकि जल्द से जल्द लापता लोगों का पता लगाया जा सके। प्रशासन हर संभव प्रयास कर रहा है, लेकिन प्राकृतिक परिस्थितियां राहत कार्य को कठिन बना रही हैं।
कैसे हुआ हादसा, सामने आई बड़ी लापरवाही
यह हादसा शुक्रवार दोपहर करीब 3 बजे केसी घाट के पास हुआ था, जहां 37 श्रद्धालुओं से भरी नाव अचानक पलट गई थी। शुरुआती जांच में सामने आया है कि नाव की क्षमता तो 40 लोगों की थी, लेकिन सुरक्षा के बुनियादी इंतजाम नहीं किए गए थे। किसी भी श्रद्धालु को लाइफ जैकेट नहीं दी गई थी, जो बड़ी लापरवाही मानी जा रही है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक तेज हवा के चलते नाव का संतुलन बिगड़ गया और वह पीपा पुल से टकराकर डूब गई। हादसे में एक ही परिवार के 7 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जिससे दुख और भी गहरा हो गया है।
आरोपी नाविक हिरासत में, जांच तेज
घटना के बाद पुलिस ने आरोपी नाविक पप्पू निषाद को करीब 6 घंटे बाद हिरासत में ले लिया। बताया जा रहा है कि हादसे के बाद वह मौके से फरार हो गया था। पुलिस अब उससे पूछताछ कर रही है और मामले की गहराई से जांच की जा रही है। वहीं इस हादसे से जुड़े वीडियो भी सामने आए हैं, जिनमें हादसे से पहले और बाद के दृश्य देखे जा सकते हैं। प्रशासन ने साफ किया है कि इस मामले में लापरवाही करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल सभी की नजरें रेस्क्यू ऑपरेशन पर टिकी हैं, ताकि बाकी लापता लोगों को जल्द से जल्द खोजा जा सके।
पीएम मोदी ने जताया दुख, मुआवजे का एलान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों के प्रति गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने दुख की इस घड़ी में प्रभावित परिवारों के साथ अपनी संवेदनाएं जताईं। प्रधानमंत्री ने घोषणा की कि मृतकों के परिजनों को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से दो-दो लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। वहीं, हादसे में घायल हुए लोगों को 50-50 हजार रुपये की अनुग्रह राशि प्रदान की जाएगी। पीएम मोदी ने कहा कि इस कठिन समय में सरकार हर संभव मदद के लिए उनके साथ खड़ी है और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने व्यक्त किया शोक, कहा- दुखद
नाव हादसे में 10 लोगों की मौत पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट कर कहा कि उत्तर प्रदेश में हुई इस नाव दुर्घटना में कई लोगों की मृत्यु का समाचार बेहद दुखद है। राष्ट्रपति ने इस हादसे को अत्यंत पीड़ादायक बताते हुए शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं प्रकट की हैं। उन्होंने कहा कि इस कठिन समय में उनकी भावनाएं पीड़ित परिवारों के साथ हैं। साथ ही, राष्ट्रपति मुर्मु ने हादसे में घायल हुए लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना भी की है।