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shivup |
Hindi Now Uttar Pradesh • 27 Mar 2026, 12:32 pm
रामनवमी के पावन अवसर पर अयोध्या में शुक्रवार दोपहर 12 बजे अभिजीत मुहूर्त में रामलला का भव्य सूर्य तिलक किया गया। प्राण-प्रतिष्ठा के बाद यह दूसरा मौका था जब रामलला के मस्तक पर सूर्य की किरणों से तिलक हुआ। करीब 4 मिनट तक नीली किरणें सीधे ललाट पर पड़ीं, जिसे देखने के लिए लाखों श्रद्धालु उत्साहित नजर आए। सूर्य तिलक के साथ ही भगवान राम के जन्म का उत्सव मनाया गया। इस दौरान गर्भगृह में 14 पुजारियों ने विशेष पूजा-अर्चना की और इसके बाद भव्य आरती संपन्न हुई। आयोजन के बाद कुछ समय के लिए रामलला के दर्शन बंद कर दिए गए, जिसके बाद उन्हें 56 भोग अर्पित किए जाने की तैयारी की गई।
आधुनिक तकनीक से हुआ सूर्य तिलक का आयोजन
रामलला के सूर्य तिलक के लिए विशेष तकनीकी व्यवस्था की गई थी। अष्टधातु के 20 पाइप से करीब 65 फीट लंबा सिस्टम तैयार किया गया, जिसमें 4 लेंस और 4 मिरर का उपयोग कर सूर्य की किरणों को सीधे गर्भगृह तक पहुंचाया गया। यह पूरी प्रक्रिया बेहद सटीक समय और कोण के आधार पर की गई। इससे पहले सुबह 5:30 बजे रामलला की आरती हुई और उन्हें विशेष पीतांबर वस्त्र पहनाए गए। इस बार के वस्त्र असम के एरी सिल्क से तैयार किए गए हैं, जिन्हें बनाने में तीन महीने का समय लगा। डिजाइनर मनीष तिवारी ने बताया कि हर छोटी-बड़ी बारीकी का ध्यान रखते हुए इन दिव्य वस्त्रों को तैयार किया गया है।
10 लाख श्रद्धालु पहुंचे, दर्शन समय बढ़ाया गया
रामनवमी के अवसर पर अयोध्या में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। अनुमान है कि करीब 10 लाख लोग रामलला के दर्शन के लिए पहुंचे। राम जन्मभूमि परिसर, राम पथ, भक्ति पथ और जन्मभूमि पथ पर लंबी-लंबी कतारें देखी गईं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए दर्शन का समय भी बढ़ा दिया गया है। अब सुबह 5 बजे से रात 11 बजे तक यानी 18 घंटे दर्शन हो रहे हैं, जबकि पहले यह समय सीमित था। इसके अलावा हनुमानगढ़ी में भी बड़ी संख्या में भक्तों ने बजरंगबली की आरती में भाग लिया और पूरे शहर में “जय श्रीराम” के जयघोष गूंजते रहे।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम, प्रशासन हाई अलर्ट पर
भीड़ को देखते हुए अयोध्या में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। पूरे शहर को हाई अलर्ट पर रखा गया है। उत्तर प्रदेश पुलिस के साथ NDRF, STF और NSG कमांडो तैनात किए गए हैं। संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त फोर्स लगाई गई है और हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। डॉग स्क्वॉड टीम द्वारा लगातार चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और मंदिर परिसर में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे सुरक्षा एजेंसियों का सहयोग करें ताकि यह पर्व शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न हो सके।
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