अमेरिका का बड़ा सैन्य ऑपरेशन, वेनेजुएला में किया हमला, ट्रंप बोले- हमारी हिरासत में राष्ट्रपति मादुरो

Curated By: Shiv Vishwakarma | Hindi Now Uttar Pradesh • 03 Jan 2026, 06:05 pm
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अमेरिका ने वेनेजुएला पर बड़ा सैन्य हमला कर राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को पकड़ने का दावा किया है। ट्रम्प के ऐलान के बाद वेनेजुएला में इमरजेंसी लागू, रूस और क्यूबा ने अमेरिकी कार्रवाई की कड़ी निंदा की है।

अमेरिका ने वेनेजुएला के खिलाफ बड़े पैमाने पर सैन्य कार्रवाई करते हुए राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को पकड़ लेने का दावा किया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर कहा कि मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया एडेला इस समय अमेरिकी सैनिकों की हिरासत में हैं और उन्हें वेनेजुएला से बाहर ले जाया जा चुका है। ट्रम्प के इस दावे के बाद पूरी दुनिया में हलचल मच गई है और लैटिन अमेरिका में तनाव तेजी से बढ़ गया है। अमेरिका ने भारतीय समय के मुताबिक शनिवार सुबह करीब 11:30 बजे वेनेजुएला के चार प्रमुख शहरों पर एक साथ सैन्य हमले किए। इन हमलों में अमेरिकी सेना ने सैन्य ठिकानों और रणनीतिक जगहों को निशाना बनाया। ट्रम्प ने कहा कि इस पूरे ऑपरेशन को बेहद गोपनीय तरीके से अंजाम दिया गया और वह इस पर विस्तृत जानकारी प्रेस कॉन्फ्रेंस में देंगे।


हमले के बाद वेनेजुएला में इमरजेंसी, जवाब की चेतावनी
अमेरिकी हमलों के तुरंत बाद वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो ने बयान जारी कर अमेरिका को कड़ी चेतावनी दी थी और देशभर में आपातकाल लागू करने का ऐलान किया था। हालांकि, उनके बयान के करीब एक घंटे बाद ही ट्रम्प ने मादुरो को पकड़ने का दावा कर दिया। इसके बाद वेनेजुएला की सरकार की ओर से सेना की बड़े पैमाने पर तैनाती के आदेश दिए गए हैं। रक्षा मंत्री व्लादिमीर पैड्रिनो लोपेज ने कहा कि देश पर हमला हुआ है, लेकिन वेनेजुएला झुकेगा नहीं। सरकारी टीवी चैनलों पर लगातार लोगों से शांत रहने और अफवाहों से बचने की अपील की जा रही है। राजधानी कराकास में फिलहाल हालात तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण में बताए जा रहे हैं।


तेल, ड्रग्स और सत्ता परिवर्तन—अमेरिका की दलीलें
ट्रम्प प्रशासन का दावा है कि वेनेजुएला ने अमेरिकी तेल कंपनियों के अधिकार अवैध रूप से छीन लिए थे। इसके अलावा अमेरिका का आरोप है कि मादुरो सरकार अमेरिका में ड्रग्स तस्करी को बढ़ावा दे रही है। ट्रम्प ने कहा कि ड्रग्स ले जा रही कई नावों पर पहले ही कार्रवाई की जा चुकी है। अमेरिका मादुरो को तानाशाह और ड्रग तस्कर मानता है और लंबे समय से उनके तख्तापलट की कोशिश कर रहा है।


अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया: क्यूबा और रूस का विरोध
अमेरिकी कार्रवाई की क्यूबा और रूस ने कड़ी निंदा की है। क्यूबा ने इसे स्टेट टेररिज्म करार देते हुए कहा कि यह वेनेजुएला की संप्रभुता और पूरे क्षेत्र की स्थिरता के लिए खतरा है। रूस ने भी इसे सशस्त्र हमला बताया और सभी पक्षों से संयम बरतने की अपील की। रूस ने कहा कि वह कूटनीतिक समाधान में मदद के लिए तैयार है।


आगे क्या? सत्ता परिवर्तन पर सस्पेंस
मादुरो के पकड़े जाने के दावे के बाद सबसे बड़ा सवाल यह है कि वेनेजुएला में आगे क्या होगा। अमेरिकी समर्थकों का मानना है कि अब विपक्ष के सत्ता में आने का रास्ता साफ हो सकता है, लेकिन विशेषज्ञ चेतावनी दे रहे हैं कि अमेरिकी दखल से हालात और ज्यादा अस्थिर हो सकते हैं। वेनेजुएला की सेना अब तक मादुरो के प्रति वफादार रही है, ऐसे में आने वाले दिन देश और क्षेत्र दोनों के लिए बेहद अहम माने जा रहे हैं।


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