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Shiv Vishwakarma |
Hindi Now Uttar Pradesh • 02 Sep 2025, 12:26 pm
बाराबंकी के गदिया स्थित श्री रामस्वरूप मेमोरियल यूनिवर्सिटी में सोमवार को जमकर बवाल हुआ। यहां छात्रों का आक्रोश फूट पड़ा और उन्होंने पहले कैंपस और फिर पुलिस चौकी में तोड़फोड़ कर दी। इस पर पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज कर दिया और दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। इस दौरान 20 से अधिक छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
दरअसल, छात्रों का आरोप है कि विश्वविद्यालय में बिना मान्यता के एलएलबी, बीबीए एलएलबी और बीए एलएलबी जैसे पाठ्यक्रम चलाए जा रहे हैं। इसी को लेकर छात्र पिछले कई दिनों से आंदोलनरत थे। सोमवार सुबह जब छात्र प्रदर्शन कर रहे थे, तब एबीवीपी कार्यकर्ता भी समर्थन में पहुंच गए। नारेबाजी और गेट बंद करने से माहौल तनावपूर्ण हो गया। इस दौरान सुरक्षा कर्मियों और छात्रों में भिड़ंत हुई और हालात बेकाबू होने पर पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया।

लाठीचार्ज और अफरा-तफरी के बीच लगभग 24 लोग घायल हो गए, जिनमें कई एबीवीपी पदाधिकारी भी शामिल हैं। आठ घायलों को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। इसके बाद नाराज छात्रों ने गदिया पुलिस चौकी में पथराव और तोड़फोड़ कर दी। शीशे टूटने और हंगामे के बीच पुलिस ने छात्रों को फिर दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। घटनास्थल पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। रात में एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने डीएम आवास के सामने धरना देकर पुलिस पर कार्रवाई की मांग की।

विश्वविद्यालय प्रशासन ने छात्रों के आरोपों को बेबुनियाद बताया। रजिस्ट्रार प्रो. नीरजा जिंदल ने कहा कि बार काउंसिल ऑफ इंडिया से पाठ्यक्रमों को मान्यता प्राप्त है और इसका दस्तावेज काउंसिल की वेबसाइट पर उपलब्ध है। विश्वविद्यालय ने 2027 तक का अनुमोदन शुल्क भी जमा कर दिया है और छात्रों को किसी प्रकार की वैधता संबंधी समस्या नहीं होगी।

पुलिस का कहना है कि गेट बंद कराने को लेकर दोनों पक्षों में विवाद बढ़ा, जिससे मारपीट हुई। फिलहाल घायलों का इलाज जारी है और किसी भी पक्ष से औपचारिक तहरीर नहीं मिली है। एसपी अर्पित विजयवर्गीय ने बताया कि घटना के वीडियो फुटेज खंगाले जा रहे हैं और हालात को नियंत्रण में ले लिया गया है।
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