Curated By:
Shiv Vishwakarma |
Hindi Now Uttar Pradesh • 19 Oct 2025, 03:41 pm
हापुड़ में धनतेरस के दिन एक भावुक कर देने वाली घटना ने सभी का दिल जीत लिया, जब पुलिस अधिकारियों ने सड़क किनारे मिट्टी के दीये बेच रही एक बुजुर्ग महिला की मदद कर इंसानियत की मिसाल पेश की। बुजुर्ग धर्मवती सुबह से अपने पौत्र के साथ बाजार में बैठकर दीये बेच रही थीं, लेकिन दोपहर तक एक भी दीया नहीं बिका। निराश और चिंतित धर्मवती की परेशानी उसके चेहरे पर साफ झलक रही थी। यह देखकर पुलिसकर्मियों ने उसके सारे दीये खरीद लिए। पुलिस अधिकारियों ने जब यह कदम उठाया तो महिला भावुक हो उठी और उन्हें आशीर्वाद देने लगी।
दरअसल, धनतेरस के मौके पर हापुड़ देहात थाना प्रभारी विजय गुप्ता अपनी टीम के साथ पैदल गश्त पर थे। इस दौरान उनकी नजर सड़क किनारे मिट्टी के दीये बेच रही धर्मवती और उनके पौत्र पर पड़ी। बातचीत के दौरान जब उन्हें पता चला कि सुबह से एक भी दीया नहीं बिका है, तो उन्होंने तुरंत मदद करने का फैसला किया। धर्मवती ने बताया कि सुबह से उम्मीद थी कि त्योहार पर लोग दीये खरीदने आएंगे, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया। इससे वह बेहद निराश थीं और त्योहार फीका लग रहा था। स्थिति समझते ही थाना प्रभारी विजय गुप्ता ने अपनी टीम के साथ मिलकर बुजुर्ग महिला के सारे दीये खरीद लिए। यह देख धर्मवती की आंखों में खुशी के आंसू आ गए। उन्होंने पुलिसकर्मियों को आशीर्वाद दिया और कहा कि उन्होंने इस त्योहार को उनके लिए खास बना दिया। दीये बेचने के बाद धर्मवती और उनका पौत्र मुस्कुराते हुए घर लौट गए।
धर्मवती ने भावुक होकर कहा कि पुलिस का यह रूप मैंने पहले कभी नहीं देखा था। सुबह से दीये न बिकने से मैं बहुत परेशान थी, लेकिन पुलिस ने मेरी सारी चिंता दूर कर दी। धनतेरस मेरे लिए अब वाकई शुभ हो गई। उन्होंने आगे बताया कि सरकार की योजनाओं से उन्हें काफी मदद मिल रही है। फ्री राशन और अन्य योजनाओं से परिवार का गुजर-बसर ठीक से चल रहा है। थाना प्रभारी विजय गुप्ता ने कहा कि पुलिस केवल कानून-व्यवस्था संभालने के लिए नहीं, बल्कि समाज के कमजोर वर्गों की मदद करने के लिए भी हमेशा तत्पर रहती है। यह घटना इस बात का उदाहरण है कि संवेदनशीलता और मानवता अब भी जिंदा है। हापुड़ पुलिस के इस कदम की क्षेत्र में खूब सराहना हो रही है।
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